श्री लक्ष्मी माता जी की आरती ।।

श्री लक्ष्मी जी की  आरती ।।

ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता...
तुमको निशिदिन सेवत, हरि विष्णु विधाता. ॐ...

उमा, रमा, ब्राह्माणी, तुम ही जग-माता...
सूर्य-चन्द्रमा ध्यावत, नारद ऋषि गाता. ॐ...

दुर्गा रुप निरन्जनी, सुख सम्पत्ति दाता....
जो कोई तुमको ध्यावत, ऋद्धि-सिद्धि धन पाता. ॐ…

तुम पाताल निवासिनी, तुम ही शुभ दाता...
कर्म प्रभाव प्रकाशिनी, भवनिधि की त्राता. ॐ...

जिस घर में तुम रहती, सब सद गुण आता...
सब सम्भव हो जाता, मन नही घबराता. ॐ...

तुम बिन यज्ञ न होते, वस्त्र न कोई पाता....
खान - पान का वैभव, सब तुमसे आता. ॐ...

शुभ - गुण सुन्दर मंदिर, क्षीरोदधि जाता...
रत्न चतुर्दश तुम बिन, कोई नही पाता. ॐ...

महालक्ष्मी जी की आरती. जो कोई जन गाता....
उर आनन्द समाता, पाप उतर जाता. ॐ...

वास्तु विजिटिंग के लिए अथवा अपनी कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने या कुण्डली बनवाने के लिए हमें संपर्क करें ।।

हमारे यहाँ सत्यनारायण कथा से लेकर शतचंडी एवं लक्ष्मीनारायण महायज्ञ तथा बड़े से बड़े अनुष्ठान हेतु योग्य, विद्वान् एवं संख्या में श्रेष्ठ ब्राह्मण हर समय आपके इच्छानुसार दक्षिणा पर उपलब्ध हैं ।।

अपने बच्चों को इंगलिश स्कूलों की पढ़ाई के उपरांत, वैदिक शिक्षा हेतु ट्यूशन के तौर पर, सप्ताह में तीन दिन, सिर्फ एक घंटा वैदिक धर्म की शिक्षा एवं धर्म संरक्षण हेतु हमारे यहाँ भेजें ।।

सम्पर्क करें - बालाजी वेद, वास्तु एवं ज्योतिष विद्यालय, शॉप नं.-19, बालाजी टाउनशिप, Opp- तिरुपति बालाजी मंदिर, आमली, सिलवासा से संपर्क करें ।।


Contact Mob No - 08690522111.
E-Mail :: balajivedvidyalaya@gmail.com

www.astroclasses.com
www.balajivedvidyalaya.blogspot.in
www.facebook.com/vedickarmkand

।। नारायण नारायण ।।

 

Related Posts

Contact Now